1. कर्ता कारक (प्रथमा विभक्ति) कर्ता कारक (प्रथमा विभक्ति) की परिभाषा, पहचान, उदाहरण, नियम और संस्कृत में प्रयोग आसान भाषा में जानें। कर्ता कारक के एकवचन, द्विवचन और बहुवचन के उदाहरण सहित। १. क्रिया करने वाले को कर्ता कहते हैं। हिन्दी में इसका चिन्ह ‘ने’ है, जैसे—राम ने पुस्तक पढ़ी। कभी-कभी यह (ने) छिप जाता है, जैसे—राम जाता है। क्रिया के आगे कौन लगाने से जो उत्तर में आता है, वही कर्ता होता है, जैसे—राम जाता है। कौन जाता है? ‘राम’ अतः राम कर्ता है। कर्तृ वाच्य के कर्ता में…
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अधिकरण कारक (सप्तमी विभक्ति): परिभाषा, उदाहरण, सूत्र एवं नियम
अधिकरण कारक (सप्तमी विभक्ति) संस्कृत व्याकरण का महत्वपूर्ण कारक है। इसमें जिस स्थान या आधार में कोई कार्य होता है, उसे अधिकरण कहते हैं। इसका प्रयोग मुख्यतः ‘में’ और ‘पर’ के अर्थ में होता है। १. सूत्र— “आधारोऽधिकरणम्, सप्तम्यधिकरणे च।” नियम— जिस स्थान या वस्तु में कोई कार्य होता है, उसे अधिकरण कहते हैं और अधिकरण में कोई कार्य होता है जिसका चिह्न ‘में’ या ‘पर’ है। बालक विद्यालये पठति। (बालक विद्यालय में पढ़ता है।) यहाँ बालक का कार्य विद्यालय में हो रहा है। स्थाल्यां तण्डुलान् पचति। (बटलोई में चावल…
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